लेटेस्ट खेल समाचार कोरोना देश राज्य क्राइम बिजनेस दुनिया नॉलेज ऑटो दुर्घटना ट्रेंडिंग लाइफ स्टाइल धर्म करियर टेक मनोरंजन

लखनऊ में भव्य सावन उत्सव, सुंदरकांड पाठ के साथ सनातन गौरव सम्मान से सम्मानित हुए सेवाभावी लोग






लखनऊ। इंदिरा नगर के अमराई गांव स्थित श्री हनुमतेश्वर महादेव मंदिर, हनुमतेश्वर धाम के प्रांगण में सावन के तीसरे सोमवार एवं नाग पंचमी के शुभ अवसर पर भव्य सावन उत्सव का आयोजन किया गया। 17 अगस्त 2026 को आयोजित कार्यक्रम में भक्ति, संस्कृति और सनातन परंपराओं का सुंदर संगम देखने को मिला। 17 अगस्त 2026 को सावन का तीसरा सोमवार और नाग पंचमी का पर्व भी रहा।

कार्यक्रम का आयोजन स्वदेशी संस्कार मंच, इंदिरा नगर के तत्वावधान में किया गया। प्रेम विश्वकर्मा के नेतृत्व में हुए इस आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता की। मंदिर परिसर में धार्मिक अनुष्ठानों के साथ सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी कार्यक्रम को आकर्षक बनाया।

सुंदरकांड पाठ से गूंजा मंदिर परिसर

सावन उत्सव का प्रमुख आकर्षण सुंदरकांड पाठ रहा। बड़ी संख्या में महिलाओं ने श्रद्धापूर्वक सुंदरकांड पाठ में सहभागिता की। भक्ति और धार्मिक जयघोष से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा।

कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी हुईं, जिसमें कलाकारों ने भारतीय संस्कृति और धार्मिक भावनाओं से जुड़ी प्रस्तुतियों के माध्यम से उपस्थित लोगों का मन मोह लिया।

सनातन गौरव सम्मान से किया सम्मानित

आयोजन में सनातन संस्कृति और धर्म के प्रति योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित करने के लिए विशेष सम्मान समारोह आयोजित किया गया। सुंदरकांड पाठ करने वाली महिलाओं एवं सनातन धर्म के संवर्धन में योगदान देने वाले लोगों को ‘सनातन गौरव सम्मान’ से अलंकृत किया गया।

सम्मान प्राप्त करने वालों ने इस पहल को सनातन संस्कृति और सामाजिक सहभागिता को प्रोत्साहित करने वाला कदम बताया।

श्रद्धालुओं की रही उत्साहपूर्ण भागीदारी

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाएं, पुरुष और श्रद्धालु मौजूद रहे। भक्ति संगीत, सुंदरकांड पाठ और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बीच श्रद्धालुओं ने धार्मिक आयोजन का आनंद लिया।

आयोजक प्रेम विश्वकर्मा ने कहा कि ऐसे आयोजन सनातन संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और सामाजिक एकजुटता को मजबूत करने का माध्यम हैं। उन्होंने आयोजन में सहयोग करने वाले सभी लोगों एवं श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम ने सावन की धार्मिक आस्था के साथ-साथ भक्ति, संस्कृति और सम्मान का संदेश दिया।

सत्यबन्धु भारत | लखनऊ