निशुल्क सिलाई प्रशिक्षण केंद्र, स्वास्थ्य शिविर और समरसता भोज का आयोजन, मंत्री असीम अरुण रहे उपस्थित
लखनऊ। घुमंतू समाज, विशेषकर नाथ संप्रदाय से जुड़े परिवारों के सामाजिक उत्थान और मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से समरसता सेवा संस्थान द्वारा एक महत्वपूर्ण पहल की गई। संस्थान की ओर से घुमंतू समाज के बीच निशुल्क सिलाई प्रशिक्षण केंद्र, स्वास्थ्य शिविर एवं समरसता भोज का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में स्वावलंबन, स्वास्थ्य जागरूकता और शिक्षा के प्रति प्रेरणा देना रहा।
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री असीम अरुण जी की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर उन्होंने घुमंतू समाज के प्रति अपनी संवेदनशीलता व्यक्त करते हुए कहा कि समाज के वंचित और घुमंतू समुदायों को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जोड़ना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने इस प्रकार की सामाजिक पहलों को सराहनीय बताते हुए कहा कि ऐसे प्रयास समाज में समरसता और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देते हैं।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सामाजिक कार्यकर्ताओं और मातृशक्ति ने भी बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाई। इस अवसर पर संगठन मंत्री श्री राजेश पांडेय,प्रांत संयोजिका शिल्पी त्रिवेदी जी, अनिल जी, लखन द्विवेदी जी, अमित राज यादव जी, संतोष चौधरी जी, शुभम जी, सभी संयोजिका बहने नीलम मिश्रा जी, श्रद्धा जी, सारिका जी, वीना जी सहित घुमंतू समाज के कुछ ग्राम मुखिया लोगों ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
समरसता सेवा संस्थान के संस्थापक श्री सुनील शर्मा जी के नेतृत्व में यह पहल घुमंतू समाज के जीवन स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। संस्थान का उद्देश्य समाज के वंचित वर्गों को स्वावलंबी बनाकर उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य और सम्मानजनक जीवन के अवसर प्रदान करना है।
कार्यक्रम के अंत में समरसता भोज का आयोजन भी किया गया, जिसमें सभी वर्गों के लोगों ने एक साथ बैठकर भोजन किया और सामाजिक समरसता का संदेश दिया।























