लेटेस्ट खेल समाचार कोरोना देश राज्य क्राइम बिजनेस दुनिया नॉलेज ऑटो दुर्घटना ट्रेंडिंग लाइफ स्टाइल धर्म करियर टेक मनोरंजन

Lucknow: धूमधाम के साथ सम्पन्न हुआ मेला, केद्रीय मंत्री कौशल किशोर भी रहे उपस्थिति



लखनऊ। अमराई गांव इंदिरा नगर लखनऊ में मेला धनुष यग्य मंडल के द्वारा 107वी बार आयोजित रामलीला के समापन दिवस पर केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर, विद्यायक बीकेटी योगेश शुक्ला, एडीएम लखनऊ विपिन मिश्रा सहित अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।  



इस दौरान सम्राट जादूगर का जादू और सांस्कृतिक कार्यक्रम चलते रहे। मेले में पधारे मंत्री, विद्यायक, व अन्य गणमान्य व्यक्तियों का मंडल द्वारा माल्यार्पण एवं अंगवस्त्र पहनाकर स्वागत किया गया। केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर ने भगवान राम की महिमा और उनके चरित्र का बखान करते हुए कहा कि हम सभी को राम के पदचिन्हों पर चलने की ज़रूरत है। केंद्रीय मंत्री कौशल किशोर ने अपने वक्तव्य में नशे से होने वाले घातक नुकसानों को बताते हुए सभी से नशा न करने की शपथ भी कराई।  



मेला अध्यक्ष दिलीप मिश्रा ने बताया कि मेला धनुष यज्ञ मंडल अमराई गांव, इंदिरा नगर, लखनऊ  बहुत ही प्राचीन मेला है यह मेला रामलीला की दृष्टि से इसलिए भी अति महत्वपूर्ण है क्योंकि इस मेले के बारे में कुछ वर्षो पूर्व प्राथमिक विद्यालय की हिंदी किताबो में  पढ़ाया जाता था. चार दिवसीय मेले में प्रथम दिवस राम जन्म,सीताजन्म, द्वितीय दिवस मारीच सुबाहु वध, ताड़का वध, तृतीय दिवस सीता राम विवाह एवं जनक बाजार परशुराम संवाद एवं अंतिम दिवस भगवान राम की बारात शोभायात्रा गांव में निकाली जाती है जिसमें पूरा गांव नाचते गाते हुए चलता है। लीला स्थानीय कलाकारो के द्वारा दिखाई जाती है.



 मेला अध्यक्ष दिलीप मिश्रा ने बताया कि यह मेला प्रत्येक वर्ष अगहन सुदी सप्तमी से दशमी तक आयोजित होता है जिसमें रामलीला के साथ देश की संस्कृति से ओतप्रोत विभिन्न कार्यक्रम दिखाए जाते हैं जिसमें आसपास की जनता  बढ़-चढ़कर सहभागिता करती हैं.  मेले के प्रथम दिवस से लेकर अंतिम दिवस तक रामलीला के साथ साथ एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने जनता को मंत्रमुग्ध कर दिया। . मेले में विभिन्न किरदारों में अभिषेक शुक्ला राम, अनुभव शुक्ला, लक्ष्मण,  रावण का  ओम शुक्ला, तेज शुक्ला,मारीच, सचिन बाजपेई, सुबाहु, सुधीर बाजपेई, ताड़का, अरविंद बाजपेई, दशरथ, दिनेश श्रीवास्तव, जनक, राजकुमार शुक्ला, परशुराम, रामेंद्र द्विवेदी, किसान, व अन्य पात्रों में दुर्गेश दीक्षित, राजेंद्र लोधी, अशोक शुक्ल, राजा शुक्ल, प्रीतम पाण्डेय, आशीष पाण्डेय, ज्ञानेंद्र द्विवेदी, राघवेन्द्र द्विवेदी, राम किशन मौर्य, प्रकाश मौर्य सहित अन्य गांव के कलाकारों को जनता द्वारा बहुत ही सराहा गया। अंतिम दिवस रामकुमार दीक्षित के निर्देशन में बहुत ही शानदार लघु नाटिका का मंचन भी किया गया। मेले के संचालक के रुप में नारायण दत्त शुक्ल एवं मुनीश द्विवेदी मौजूद रहे। मेले में आशुतोष मिश्रा का विशेष सहयोग रहा। मेले का आनलाइन लाइव कवरेज चारो दिवस सत्यबंधु भारत फेसबुक, यू ट्यूब चैनल पर दिखाया गया। मेला अध्यक्ष दिलीप मिश्रा ने समापन के बाद सभी सहयोगियों, साथियों, गांव की जनता के प्रति सफल कार्यक्रम हेतु आभार प्रकट किया।