सत्यबन्धु भारत
हरदोई। एंटी करप्शन लखनऊ की टीम ने बेसिक शिक्षा अधिकारी के कार्यालय परिसर स्थित डीआई कक्ष से लिपिक जैनुल खान को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। लिपिक ने एक शिक्षक के एरियर के भुगतान के बदले बीस फीसदी कमिशन मांगा था। कुल सात लाख रुपये एरियर बकाया था। भुगतान के बदले एक लाख 40 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
एंटी करप्शन टीम के इंसपेक्टर मृत्युंजय मिश्र ने बताया कि पिहानी ब्लॉक के संविलियन विद्यालय जाजूपुर में महेश कुमार सहायक अध्यापक के पद पर तैनात हैं। 2019 में वह गम्भीर बीमारी के शिकार हो गए। कई महीने तक उनका उपचार चल रहा था। इस अवधि का उनका 7 लाख रुपये एरियर बकाया चल रहा था। कई बार चक्कर लगाने पर भी सुनवाई नहीं हुई। पिहानी ब्लॉक के बाबू जैनुल ने एरयिर भुगतान के लिए 20 फीसदी कमीशन मांगा। परेशान शिक्षक ने 1 लाख 40 हजार रुपये घूस देने की बात मान ली।
इसके बाद शिक्षक ने उच्चाधिकारियों से शिकायत की। इस पर रिश्वतखोर बाबू को रंगे हाथ पकड़ने के लिए जाल बिछाया गया। गुरुवार को बाबू ने सहायक अध्यापक को डीआई कार्यालय में बुलाया। यहां 10 हजार रुपये की पहली किश्त लेते ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। बीएसए वीपी सिंह ने बताया कि वह मीटिंग में हैं। लिपिक के घूस लेते हुए डीआई दफ्तर में पकड़े जाने की जानकारी मिली है। मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

