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गड्ढे बनवा कर मूर्तियों के विसर्जन की व्यवस्था करायी गयी



सत्यबन्धु भारत आलोक दुबे

लखनऊ शहर में दुर्गापूजा को दृष्टिगत रखते हुए नगर निगम लखनऊ द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाओं के अंतर्गत शहर के समस्त क्षेत्रों में विशेष साफ-सफाई, चूना, फागिंग इत्यादि कार्य कराया जा रहा है तथा दुर्गापूजा की मूर्तियों के नदी में विसर्जन के कारण प्रदूषण की रोकथाम तथा एन.जी.टी. द्वारा नदियों में विसर्जन पर प्रतिबंध के  अनुसार नगर निगम द्वारा गड्ढे बनवा कर मूर्तियों के विसर्जन की व्यवस्था करायी गयी है।
 
उपरोक्त व्यवस्थाओ का नगर आयुक्त तथा अपर नगर आयुक्त द्वारा  दिनांक 15.10.2021 को निरीक्षण भी किया गया। 
नगर निगम लखनऊ द्वारा गोमती नदी के तट पर समस्त विभिन्न स्थलों पर मा. एन.जी.टी. (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) के आदेश के अनुपालन में प्लास्टिक लेयर बिछाकर गड्ढे बनाये गए है। विसर्जन हेतु निर्मित गड्ढो की मेढ़बंदी के साथ-साथ नदी के किनारे व्यक्तियों को जाने से रोकने के लिए बैरिकेडिंग के साथ-साथ सुरक्षा एवं सुविधा हेतु आसपास प्रकाश की व्यवस्था की गयी है।
 
जोन 1 के अंतर्गत नदी किनारे लक्ष्मण मेला मैदान स्थल पर अस्थाई रूप से निर्मित जलाशय में पानी भरने, निकासी के लिए पंप तथा वाटर टैंकर, पुष्प आदि सामग्री के लिए अलग स्थान की व्यवस्था तथा मूर्तियों को निकालने के लिए जे सी बी व क्रेन द्वारा कार्य किया जा रहा है। सैनिटाइजेशन हेतु एक टैंकर भी लगाया गया है। विसर्जन हेतु आए हुए व्यक्तियों हेतु शौचालय की व्यवस्था के साथ ही फागिंग तथा विशेष सफाई का कार्य पूरे क्षेत्र में कराया जा रहा है।

जोन 3 के अंतर्गत आने वाले झूलेलाल घाट पर भी निर्मित गड्ढे/ जलाशय हेतु उपरोक्तानुसार पानी के टैंकर, मूर्तियों की निकासी के लिए एक फांसी मशीन तथा दो डी आई वाहन व 2 हाइवा कार्यरत है तथा नागरिको के लिए मोबाइल टॉयलेट की व्यवस्था की गई है।

जोन 6 में कुड़िया घाट स्थल पर विसर्जन हेतु स्थाई गड्ढे का निर्माण है इसके अतिरिक्त अन्य सामग्री के विसर्जन हेतु 2 ड्रम तथा आर सी बिन कंटेनर रखे गए हैं। जलाशय से पानी निकासी तथा भरने हेतु पंप की व्यवस्था की गई है। आगंतुकों के सुविधा के लिए स्थाई शौचालय के साथ-साथ अस्थाई शौचालय भी लगाया गया है। घाट पर पेयजल की व्यवस्था भी है। मूर्ति विसर्जन उपरांत उपरोक्त स्थलो के आसपास भी निरन्तर साफ-सफाई की जा रही है।